नवी दिल्ली, 17 डिसेंबर 2025 : भारत आणि अर्जेंटिना यांनी कृषी संशोधन, क्षमता निर्माण आणि तंत्रज्ञान आदान-प्रदान अधिक मजबूत करण्यासाठी ICAR–INTA कार्ययोजना 2025–2027 वर स्वाक्षरी केली आहे. भारतीय कृषी संशोधन परिषद (ICAR) आणि अर्जेंटिनाच्या नॅशनल इन्स्टिट्यूट ऑफ अॅग्रिकल्चरल टेक्नॉलॉजी (INTA) यांच्यातील या कार्ययोजनेची देवाणघेवाण डॉ. एम. एल. जाट, सचिव, कृषी संशोधन व शिक्षण विभाग (DARE) तसेच महासंचालक, ICAR आणि महाराजदूत मारीआनो ऑगस्टिन कॉकसिनो, अर्जेंटिनाचे भारतातील राजदूत यांच्या हस्ते आज करण्यात आली. या कार्ययोजनेअंतर्गत नैसर्गिक संसाधन व्यवस्थापन, शाश्वत कृषी पद्धती (झिरो टिलेजसह), कृषी यांत्रिकीकरण, सूक्ष्म सिंचन व फर्टिगेशन, पीक व पशु…
Read MoreDay: December 17, 2025
अंतरिक्ष विज़न 2047 को आगे बढ़ाना: अंतरिक्ष विभाग की वर्ष 2025 की समीक्षा
दिल्ली (17 दिसंबर 2025): वर्ष 2025 भारत के अंतरिक्ष कार्यक्रम के लिए एक महत्वपूर्ण चरण साबित हुआ, जिसमें अंतरिक्ष विभाग और इसरो ने अंतरिक्ष विजन 2047 के अनुरूप प्रमुख तकनीकी, वैज्ञानिक और अंतरराष्ट्रीय उपलब्धियां हासिल कीं । इस मिशन की एक प्रमुख उपलब्धि SPADEX मिशन थी , जिसने स्वदेशी अंतरिक्ष डॉकिंग, अनडॉकिंग, पावर ट्रांसफर और परिक्रमा तकनीकों का सफलतापूर्वक प्रदर्शन किया । ये क्षमताएं भविष्य के मानव अंतरिक्ष उड़ान और अंतरिक्ष स्टेशन मिशनों के लिए महत्वपूर्ण हैं। इस मिशन ने जनवरी और अप्रैल 2025 में कक्षा में दो सफल डॉकिंग कार्यक्रम पूरे किए। इसरो ने CROPS-1 परियोजना के माध्यम…
Read Moreभू-स्थानिक तंत्रज्ञान विकसित भारताचा मूलभूत स्तंभ : डॉ. जितेंद्र सिंह
नवी दिल्ली, 17 डिसेंबर 2025 : केंद्रीय विज्ञान व तंत्रज्ञान राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह यांनी सांगितले की, भू-स्थानिक तंत्रज्ञान हे भारताच्या विकास यात्रेचे एक मूलभूत स्तंभ बनले आहे. पायाभूत सुविधा, कृषी, संरक्षण, शहरी विकास, हवामान बदलावर कृती आणि आपत्ती व्यवस्थापन अशा क्षेत्रांत नियोजन, अंमलबजावणी व सेवा वितरणासाठी भू-स्थानिक तंत्रज्ञान अत्यंत महत्त्वाचे ठरत आहे. “भू-स्थानिक परिसंस्था बळकट करणे – भू-स्थानिक मिशन: विकसित भारताचा प्रवर्तक” या विषयावरील राष्ट्रीय कार्यशाळेला व्हिडिओ संदेशाद्वारे संबोधित करताना त्यांनी सांगितले की, पंतप्रधान नरेंद्र मोदी यांच्या नेतृत्वाखाली गेल्या दशकात भू-स्थानिक क्षेत्रात नियमनातून सक्षमीकरणाकडे निर्णायक बदल झाला…
Read Moreअयूब उद्दीन अहमद को मिला शिक्षा और सामाजिक सेवा में उत्कृष्टता के लिए राष्ट्रीय शिक्षा रत्न सम्मान 2025।
धुबरी, असम:असम के शिक्षा क्षेत्र के लिए एक गौरवपूर्ण क्षण में, धुबरी जिले के चापर शिक्षा ब्लॉक के चिरकुटा क्लस्टर के तहत 190 नंबर बेथबारी एलपी स्कूल के मुख्य शिक्षक अयूब उद्दीन अहमद को ग्लोबल आइकॉन्स ऑफ इंडिया ई-मैगजीन द्वारा प्रतिष्ठित राष्ट्रीय शिक्षा रत्न सम्मान 2025 से सम्मानित किया गया है । 16 मार्च 2006 से शिक्षा के क्षेत्र में कार्यरत अहमद ने ग्रामीण क्षेत्रों में प्राथमिक स्तर की शिक्षा को सुदृढ़ करने के लिए लगभग दो दशक समर्पित किए हैं। बाल-केंद्रित, गतिविधि-आधारित और सांस्कृतिक रूप से निहित शिक्षण विधियों के लिए जाने जाने वाले अहमद ने युवा विद्यार्थियों के…
Read Moreडॉ. नेत्रमणि बडोनी (अविरल) को शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए ‘राष्ट्रीय शिक्षा रत्न सम्मान 2025’ से सम्मानित
देहरादून: प्रख्यात शिक्षाविद्, साहित्यकार एवं सामाजिक चिंतक डॉ. नेत्रमणि बडोनी (अविरल) को शिक्षा में उत्कृष्टता की श्रेणी में प्रतिष्ठित ‘राष्ट्रीय शिक्षा रत्न सम्मान 2025’ से सम्मानित किया गया है। यह राष्ट्रीय स्तर का सम्मान ग्लोबल आइकॉन्स ऑफ इंडिया ई-मैगज़ीन द्वारा शिक्षा, शैक्षणिक नेतृत्व और सामाजिक जागरूकता के क्षेत्र में उनके निरंतर योगदान के लिए प्रदान किया गया। डॉ. बडोनी ने अपना संपूर्ण कार्यकाल सरकारी शिक्षा प्रणाली के अंतर्गत मूल्य-आधारित और समावेशी शिक्षा को सुदृढ़ करने के लिए समर्पित किया है। शिक्षा, अंग्रेज़ी साहित्य, पत्रकारिता और मानवाधिकारों में सुदृढ़ शैक्षणिक पृष्ठभूमि…
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